जांजगीर-चांपा / बम्हनीडीह:
छत्तीसगढ़ में 14अगस्त से 2 अक्टूबर तक सायबर जागृति अभियान चलाया जा रहा है जिसमें कजांजगीर-चांपा जिले के ग्राम बम्हनीडीह में आयोजित विशाल धार्मिक समागम में सुप्रसिद्ध कथावाचक पूज्य आचार्य अनिरुद्धाचार्य जी महाराज ने आध्यात्मिक चेतना के साथ-साथ श्रद्धालुओं को ‘साइबर अपराध’ से बचाव का संकल्प दिलाया।
महाराज जी ने कहा कि आज के डिजिटल युग में मोबाइल जितना उपयोगी है, थोड़ी सी असावधानी बरतने पर उतना ही खतरनाक साबित हो सकता है। समाज को सतर्क और सुरक्षित बनाना भी धर्म का ही अंग है।
ओटीपी और गोपनीय जानकारी की सुरक्षा: अपना बैंक ओटीपी (OTP), यूपीआई पिन, एटीएम कार्ड नंबर या पासवर्ड किसी भी सूरत में फोन पर अनजान व्यक्ति से साझा न करें।
अज्ञात और लुभावने लिंक से दूरी: व्हाट्सएप या सोशल मीडिया पर आने वाले लॉटरी, मुफ्त उपहार, फर्जी लोन या पार्ट-टाइम जॉब के लुभावने लिंक पर कभी क्लिक न करें।
अज्ञात वीडियो कॉल और झांसों से बचाव: अनजान नंबरों से आने वाली संदिग्ध वीडियो कॉल से बचें और किसी भी प्रकार के भय या ब्लैकमेलिंग में आकर तुरंत पैसे न भेजें।
फर्जी कस्टमर केयर और अधिकारी बनकर आई कॉल से सावधान: बैंक अधिकारी, बिजली विभाग या कूरियर कंपनी का कर्मचारी बताकर झांसा देने वालों की बातों पर आंख मूंदकर भरोसा न करें।
सोशल मीडिया अकाउंट्स की प्राइवेसी: अपने सोशल मीडिया (फेसबुक, इंस्टाग्राम, व्हाट्सएप) अकाउंट्स में टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन (2-Factor Authentication) लागू करें और अपनी प्राइवेसी सेटिंग्स मजबूत रखें।
साइबर ठगी होने पर तत्काल हेल्पलाइन नबंर 1930 का उपयोग: यदि गलती से भी कोई ठगी का शिकार हो जाता है, तो बिना संकोच तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं। या नजदीकी पुलिस थाना में रिपोर्ट दर्ज करे।
श्रद्धालुओं में भारी उत्साह
कथा पंडाल में उपस्थित बम्हनीडीह एवं आसपास के दर्जनों गांवों /जिलों से आए विशाल जनसैलाब ने महाराज जी के इस सामाजिक और जनहितकारी संदेश का करतल ध्वनि से स्वागत किया। श्रद्धालुओं ने आध्यात्मिक शांति के साथ-साथ डिजिटल दुनिया में सुरक्षित रहने की नई सीख भी ली।




