सक्ती। जिले के मालखरौदा थाना क्षेत्र की अड़भार चौकी में दहेज प्रताड़ना के मामले में पुलिस ने मृतिका के पति समेत सास और ससुर को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, तीनों पर नवविवाहिता को दहेज को लेकर प्रताड़ित करने और मानसिक रूप से परेशान करने का आरोप है। तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
शादी के बाद से दहेज को लेकर प्रताड़ना का आरोप
पुलिस के अनुसार, ग्राम बंजारी निवासी आरती गवेल की शादी 20 अप्रैल 2026 को राहुल गवेल के साथ हुई थी। शादी के बाद से ही उसके पति राहुल गवेल, सास शांतिबाई गवेल और ससुर शशी कुमार गवेल द्वारा कथित रूप से दहेज को लेकर उसे प्रताड़ित किया जाता था।
मृतिका के परिजनों ने पुलिस को दिए बयान में आरोप लगाया कि आरोपी उसे “तू अनाथ है, बहरी है, कुछ लाई नहीं है। किसी दूसरे जगह से शादी करते तो दहेज मिलता” कहकर परेशान करते थे।
कीटनाशक सेवन के बाद अस्पताल में मौत
पुलिस के मुताबिक, लगातार प्रताड़ना से परेशान होकर आरती ने 20 जून 2026 को कीटनाशक का सेवन कर लिया था। हालत बिगड़ने पर उसका इलाज कराया गया, लेकिन 27 जून 2026 को जिला अस्पताल कोरबा में उसकी मौत हो गई।
घटना के बाद अड़भार चौकी में मर्ग क्रमांक 51/2026 दर्ज कर मामले की जांच शुरू की गई। मर्ग जांच के दौरान मृतिका के परिजनों के बयान दर्ज किए गए। जांच में दहेज प्रताड़ना के आरोप सामने आने के बाद पुलिस ने पति, सास और ससुर के खिलाफ अपराध दर्ज किया।
पति समेत तीनों आरोपी गिरफ्तार
मर्ग जांच के आधार पर पुलिस ने राहुल गवेल, उसकी मां शांतिबाई गवेल और पिता शशी कुमार गवेल के खिलाफ अपराध क्रमांक 332/2026 के तहत धारा 80(2), 3(5) बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया।
पुलिस अधीक्षक प्रफुल्ल कुमार ठाकुर के निर्देश और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पंकज पटेल के मार्गदर्शन में एसडीओपी सक्ती डॉ. भुवनेश्वरी पैकरा के नेतृत्व में विवेचना की गई। कार्रवाई करते हुए पुलिस ने 19 सितंबर 2026 को तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया।
कार्रवाई में थाना प्रभारी व्ही.एन. शर्मा, सउनि विसोहन चंदा, आरक्षक मुकेश खुंटे, आरक्षक पुषनाथ भगत और महिला आरक्षक गीतांजली चंद्रा का सराहनीय योगदान रहा।




