- बड़ा हादसा: रायपुर के न्यू राजेंद्र नगर स्थित ILS अस्पताल के चौथे फ्लोर की छत अचानक ढह गई।
- इंजरी रिपोर्ट: मलबे की चपेट में आने से कई मरीज घायल हुए हैं, जिनका तत्काल इलाज शुरू किया गया है।
- प्रारंभिक जांच: पुराने ढांचे की कमजोरी और निर्माण में बड़ी लापरवाही को हादसे की मुख्य वजह माना जा रहा है।
Chhattisgarh Hospital Accident , रायपुर — राजधानी रायपुर का न्यू राजेंद्र नगर इलाका आज उस वक्त थर्रा उठा जब ILS अस्पताल की चौथी मंजिल पर छत का एक हिस्सा ताश के पत्तों की तरह ढह गया। यह हादसा शनिवार सुबह हुआ, जिससे वार्ड में मौजूद मरीजों और उनके परिजनों के बीच भगदड़ मच गई। मलबे के नीचे दबने से कई मरीज चोटिल हुए हैं। घटना के तुरंत बाद अस्पताल के स्टाफ ने बचाव अभियान शुरू किया और गंभीर रूप से घायल मरीजों को सुरक्षित वार्डों में शिफ्ट किया। पुलिस और प्रशासन की टीमें ग्राउंड जीरो पर तैनात हैं।
मैदान पर मलबे का ढेर: अस्पताल प्रशासन की बड़ी लापरवाही?
हादसे के बाद अस्पताल परिसर किसी युद्ध के मैदान जैसा नजर आ रहा है। चौथे फ्लोर पर बेड और मेडिकल उपकरण मलबे के नीचे दबे पाए गए।
- रेस्क्यू ऑपरेशन: पुलिस बल और स्थानीय प्रशासन ने वार्ड को खाली करा लिया है। बिल्डिंग के उस हिस्से को ‘डेंजर ज़ोन’ घोषित कर दिया गया है।
- ढांचे में कमजोरी: शुरुआती जांच में पता चला है कि चौथी मंजिल का ढांचा काफी कमजोर था। निर्माण कार्य में संभावित तकनीकी कमियों ने इस बड़े हादसे को न्यौता दिया।
- इमरजेंसी रिस्पॉन्स: घायलों को प्राथमिक उपचार के बाद उसी अस्पताल के दूसरे विंग में भर्ती कराया गया है। राहत की बात यह है कि अभी तक किसी जनहानि की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
न्यू राजेंद्र नगर पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए अस्पताल प्रबंधन से बिल्डिंग की फिटनेस रिपोर्ट और मेंटेनेंस रिकॉर्ड तलब किए हैं। विशेषज्ञों की टीम अब स्ट्रक्चरल ऑडिट करेगी ताकि यह पता चल सके कि क्या बाकी की इमारत सुरक्षित है।
“चौथे फ्लोर पर अचानक छत का हिस्सा गिरा। हमारी टीम ने तत्काल मौके पर पहुंचकर स्थिति संभाली। घायलों का इलाज जारी है और जांच के बाद दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।”
— जिला प्रशासन अधिकारी, रायपुर


