फाइनल में भारत की ठोस शुरुआत
इंग्लैंड ने टॉस जीतकर गेंदबाजी चुनी। नई गेंद से सीमर्स ने शुरुआती ओवरों में स्विंग हासिल की। शुरुआती झटकों के बाद वैभव सूर्यवंशी क्रीज पर टिके। उन्होंने कट और ड्राइव से गैप तलाशे। स्पिन आने पर उन्होंने पैरों का इस्तेमाल किया। स्कोरबोर्ड चलता रहा। भारत ने 30 ओवर के भीतर स्थिरता पकड़ ली।
सूर्यवंशी ने अपनी पारी में बाउंड्री का इंतजार किया। खराब गेंद पर ही प्रहार किया। अर्धशतक पूरा करते समय ड्रेसिंग रूम खड़ा दिखा। स्टैंड्स में मौजूद भारतीय समर्थकों ने तालियां बजाईं।
कोच और ड्रेसिंग रूम की प्रतिक्रिया
“वैभव ने वही किया जिसकी टीम को जरूरत थी। फाइनल में संयम सबसे अहम होता है।”
— भारतीय U19 टीम के बल्लेबाजी कोच
आगे क्या, खिताब की राह
इस अर्धशतक से भारत ने फाइनल में रन गति अपने पक्ष में कर ली है। मिडिल ओवर्स में विकेट बचाना प्राथमिकता रहेगी। इंग्लैंड की रणनीति अब ब्रेकथ्रू पर टिकी है। भारतीय खेमे में माहौल शांत लेकिन फोकस्ड है। डगआउट में हर रन पर संवाद जारी है।



