मुंबई: दुनियाभर में खांसी की दवा, यानी कफ़ सिरप से जुड़ी कम से कम 141 बच्चों की मौतों के मद्देनज़र भारत में दवा नियामक ने चार साल से कम उम्र के बच्चों में सर्दी से बचाव के लिए दिए जाने वाले ड्रग-कॉम्बिनेशन (दवाओं के संयोजन) के इस्तेमाल पर पाबंदी लगा दी है, तथा आदेश दिया है कि दवाओं पर उचित लेबल लगाया जाना चाहिए.
समाचार एजेंसी रॉयटर की एक ख़बर के मुताबिक, नियामक का कहना है कि नवजातों तथा शिशुओं में अस्वीकृत एंटी-कोल्ड ड्रग फॉर्मूलेशन के इस्तेमाल को लेकर उपजी चिंताओं के बाद विचार-विमर्श किया गया, और नतीजतन उक्त आयु वर्ग के लिए उस ड्रग-कॉम्बिनेशन का इस्तेमाल नहीं करने की सिफ़ारिश की गई.
यह आदेश वर्ष 2019 से अब तक हुई कई बच्चों की मौत, जो अधिकारियों के अनुसार देश में बने ज़हरीले कफ़ सिरप से जुड़ी हैं, के बाद दिया गया है. इन मौतों में पिछले साल के मध्य से गाम्बिया, उज़्बेकिस्तान और कैमरून में हुईं कम से कम 141 मौतें शामिल हैं.


