राज्यसभा में तीनों क्रिमिनल बिलों भारतीय न्याय संहिता, भारतीय न्याय सुरक्षा संहिता और भारतीय साक्ष्य बिल पर चर्चा के बाद गृह मंत्री शाह ने जवाब दिया। शाह ने कहा- जो लोग सदन के बाहर पूछते हैं कि इस कानून से क्या होगा? मैं उन्हें बताना चाहता हूं कि ये कानून वैलेंस ऑफ वर्क को ध्यान में रखकर लाए गए हैं। इसे लागू होने के बाद तारीख पर तारीख का जमाना नहीं रहेगा। किसी भी मामले में 3 साल में न्याय दिलाने का उद्देश्य है।
जो कहते हैं कि नए कानूनों की जरूरत क्या है, उनको स्वराज का मतलब नहीं पता, इसका मतलब स्व शासन नहीं है। इसका मतलब स्व धर्म, भाषा, संस्कृति को आगे बढ़ाना है। गांधी जी ने शासन परिवर्तन की लड़ाई नहीं लड़ी, उन्होंने स्वराज की लड़ाई लड़ी। आप 75 साल से 60 साल में सत्ता में बैठे, लेकिन स्व को लगाने का काम नहीं किया। ये काम मोदी जी ने किया।


