- मुलाकात: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने वृंदावन के राधा केलि कुंज आश्रम में संत प्रेमानंद महाराज से भेंट की।
- खास अवसर: राष्ट्रपति ने संत प्रेमानंद को उनके 56वें जन्मदिन की बधाई दी।
- चर्चा: बंद कमरे में दोनों के बीच लगभग 25 मिनट तक संवाद हुआ।
President Murmu Vrindavan Visit , वृंदावन — राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू गुरुवार को अपने परिवार के साथ कान्हा की नगरी वृंदावन पहुंचीं। यहां उन्होंने प्रख्यात संत प्रेमानंद महाराज से मुलाकात की। राष्ट्रपति ने देखते ही संत के सामने हाथ जोड़कर उन्हें प्रणाम किया, जिस पर महाराज ने ‘राधे-राधे’ कहकर उनका स्वागत किया। सुरक्षा के कड़े इंतजामों के बीच राष्ट्रपति ने आश्रम में संतों से आशीर्वाद लिया और उनके साथ समय बिताया।
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जन्मदिन पर आशीर्वाद और आध्यात्मिक चर्चा
यह यात्रा खास तौर पर संत प्रेमानंद के जन्मदिन के अवसर पर हुई। 19 मार्च को महाराज ने अपने जीवन के 55 वर्ष पूरे कर 56वें साल में प्रवेश किया। राष्ट्रपति ने उन्हें पुष्प गुच्छ भेंट कर जन्मदिन की शुभकामनाएं दीं। संतों ने राष्ट्रपति को माला पहनाई और चुनरी ओढ़ाकर उनका अभिनंदन किया।
- समय: मुलाकात कुल 25 मिनट तक चली।
- स्थान: राधा केलि कुंज, वृंदावन।
- शेड्यूल: राष्ट्रपति इसके बाद श्री बांके बिहारी मंदिर के दर्शन के लिए रवाना हुईं।
आश्रम के भीतर राष्ट्रपति मुर्मू बेहद साधारण वेशभूषा में नजर आईं। उन्होंने संत के प्रवचनों की सराहना की और देश की सुख-समृद्धि के लिए प्रार्थना की। संत प्रेमानंद महाराज, जो अपने कड़े नियमों और भक्ति मार्ग के लिए जाने जाते हैं, ने राष्ट्रपति को राष्ट्र सेवा के लिए मार्गदर्शन दिया।
“संतों का सान्निध्य ऊर्जा और शांति देता है। महाराज जी के विचार समाज को सही दिशा दिखा रहे हैं। आज उनके जन्मदिन पर वृंदावन आना मेरे लिए सौभाग्य की बात है।”
— द्रौपदी मुर्मू, राष्ट्रपति, भारत


