अंबिकापुर से रायपुर जा रहा था ट्रक
पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, हरिशचंद्र पटेल 28 फरवरी को ट्रक में माल लोड करके अंबिकापुर से रायपुर के लिए रवाना हुआ था। बिलासपुर के पास नेशनल हाईवे पर अंधेरे में सड़क किनारे एक हाइवा खड़ा था। तेज रफ्तार होने के कारण चालक ट्रक पर नियंत्रण नहीं रख सका और सीधे हाइवा के पिछले हिस्से में जा घुसा। लोहे के केबिन में बुरी तरह फंसने के कारण चालक ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। राहगीरों ने तत्काल स्थानीय थाने को इसकी सूचना दी।
गैस कटर से केबिन काटकर निकाला गया शव
हादसे के बाद हाईवे पर काफी देर तक आवाजाही प्रभावित रही। मौके पर पहुंची पुलिस की टीम ने क्रेन और गैस कटर की मदद से ट्रक के क्षतिग्रस्त केबिन को काटकर चालक के शव को बाहर निकाला। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया है और मृतक के परिजनों को राजनांदगांव में सूचित कर दिया गया है।
“हादसे की सूचना मिलते ही टीम मौके पर पहुंची थी। ट्रक केबिन के परखच्चे उड़ गए थे, जिससे चालक को बाहर निकालना चुनौतीपूर्ण था। प्रथम दृष्टया तेज रफ्तार और हाईवे पर बिना इंडिकेटर खड़े हाइवा को हादसे की मुख्य वजह माना जा रहा है।”
— थाना प्रभारी, स्थानीय पुलिस थाना, बिलासपुर
इस हादसे के बाद हाईवे पर सुरक्षा और अवैध पार्किंग को लेकर सवाल उठने लगे हैं। अक्सर देखा गया है कि एनएच पर रतनपुर और सकरी के आसपास के क्षेत्रों में भारी वाहन बिना किसी रिफ्लेक्टर या इंडिकेटर के सड़क पर ही खड़े कर दिए जाते हैं। पुलिस ने अब हाईवे पर अवैध रूप से खड़े वाहनों के खिलाफ जब्ती की कार्रवाई शुरू करने का निर्देश दिया है। वाहन चालकों को सलाह दी गई है कि वे रात के समय हाईवे पर वाहन चलाते समय रिफ्लेक्टर का उपयोग करें और निर्धारित गति सीमा का पालन करें। एनएच पर क्रेन और पेट्रोलिंग गाड़ियां तैनात कर दी गई हैं ताकि मार्ग को सुचारू रखा जा सके।


