NEET-UG OMR बिलासपुर। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने NEET-UG परीक्षा की OMR शीट में कथित गड़बड़ी को लेकर दाखिल एक छात्रा की याचिका को खारिज कर दिया है। मामले की सुनवाई चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस रविंद्र कुमार अग्रवाल की डिवीजन बेंच ने की। कोर्ट ने मूल OMR शीट की जांच के बाद माना कि उसमें किसी तरह की अनियमितता सामने नहीं आई है।
छात्रा ने OMR शीट में गड़बड़ी का लगाया था आरोप
याचिकाकर्ता छात्रा ने अदालत में दावा किया था कि उसने NEET-UG परीक्षा में सभी प्रश्न हल किए थे, लेकिन परिणाम में उसे अपेक्षित अंक नहीं मिले। छात्रा ने OMR शीट में कथित गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए हाईकोर्ट का रुख किया था।
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छात्रा की ओर से दावा किया गया कि परीक्षा के दौरान उसने प्रश्नों के उत्तर दर्ज किए थे, लेकिन परिणाम में OMR शीट के अनुसार उसके उत्तरों का रिकॉर्ड अलग दिखाई दे रहा था। इसी आधार पर उसने परिणाम की दोबारा जांच की मांग की थी।
कोर्ट ने मूल OMR शीट की जांच की
मामले की सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने परीक्षा की मूल OMR शीट को जांच के लिए देखा। रिकॉर्ड की जांच के बाद कोर्ट ने पाया कि छात्रा ने कुल 180 प्रश्नों में से केवल 71 प्रश्नों के उत्तर दर्ज किए थे।
इन 71 उत्तरों में 46 उत्तर सही पाए गए, जबकि 25 उत्तर गलत थे। अदालत ने उपलब्ध मूल रिकॉर्ड के आधार पर छात्रा द्वारा सभी प्रश्न हल करने के दावे को स्वीकार नहीं किया।
मूल OMR शीट को माना वास्तविक रिकॉर्ड
हाईकोर्ट ने कहा कि परीक्षा के दौरान अभ्यर्थी द्वारा दर्ज किए गए उत्तरों का मूल OMR रिकॉर्ड ही परीक्षा में दिए गए उत्तरों का वास्तविक दस्तावेज है। अदालत ने रिकॉर्ड में ऐसी कोई गड़बड़ी नहीं पाई, जिससे यह साबित हो कि OMR शीट में बाद में किसी तरह का बदलाव किया गया था।
कोर्ट के सामने प्रस्तुत मूल OMR शीट और उपलब्ध परीक्षा रिकॉर्ड के आधार पर याचिका में लगाए गए आरोपों की पुष्टि नहीं हुई।
याचिका हुई खारिज
मामले की सुनवाई और दस्तावेजों की जांच के बाद डिवीजन बेंच ने छात्रा की याचिका को खारिज कर दिया। कोर्ट के इस फैसले के बाद छात्रा के परिणाम को लेकर की गई चुनौती स्वीकार नहीं की गई।
हाईकोर्ट के निर्णय में परीक्षा रिकॉर्ड और मूल OMR शीट को महत्वपूर्ण आधार माना गया। अदालत ने उपलब्ध दस्तावेजों के आधार पर स्पष्ट किया कि केवल यह दावा कि सभी प्रश्न हल किए गए थे, मूल परीक्षा रिकॉर्ड के विपरीत होने पर पर्याप्त नहीं है।



