NEET UG 2026 Re-Exam नई दिल्ली। देशभर में आज NEET UG 2026 की पुनर्परीक्षा आयोजित की जा रही है। सुबह से ही परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों की भारी भीड़ देखने को मिल रही है। भारत और विदेश से कुल 22,80,054 उम्मीदवार इस परीक्षा में शामिल हो रहे हैं।
National Testing Agency (NTA) द्वारा आयोजित इस परीक्षा को लेकर अभ्यर्थियों को कई महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए गए हैं। परीक्षा दोपहर 2 बजे से शाम 5:15 बजे तक आयोजित होगी।
परीक्षा केंद्रों के लिए जरूरी निर्देश
अभ्यर्थियों को सलाह दी गई है कि वे समय से पहले परीक्षा केंद्र पहुंचें। सुबह 11 बजे से एंट्री शुरू हो गई है, जबकि दोपहर 1:30 बजे के बाद किसी भी अभ्यर्थी को प्रवेश नहीं दिया जाएगा।
साथ ही अभ्यर्थियों को एडमिट कार्ड, वैलिड फोटो आईडी (आधार, वोटर आईडी, पैन कार्ड, पासपोर्ट, ड्राइविंग लाइसेंस) और पासपोर्ट साइज फोटो साथ लाना अनिवार्य किया गया है।
बढ़ाया गया परीक्षा समय
इस बार परीक्षा का समय 180 मिनट से बढ़ाकर 195 मिनट (3 घंटे 15 मिनट) कर दिया गया है। प्रश्न पुस्तिका में रफ वर्क के लिए अब चार पेज दिए जाएंगे। खासतौर पर लेफ्ट-हैंडेड छात्रों के लिए लेआउट में बदलाव किया गया है, जिससे उन्हें लिखने में आसानी हो।
सुरक्षा के अभूतपूर्व इंतजाम
NTA ने परीक्षा को पारदर्शी और सुरक्षित बनाने के लिए कड़े इंतजाम किए हैं। देशभर में करीब 6,700 पर्यवेक्षक तैनात किए गए हैं, जबकि 100 से अधिक वर्चुअल पर्यवेक्षक लाइव सीसीटीवी फुटेज की निगरानी कर रहे हैं।
इसके अलावा, 95,000 से अधिक स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं और 51,311 जैमर तैनात किए गए हैं। प्रत्येक परीक्षा कक्ष में दो निरीक्षक मौजूद रहेंगे और हर केंद्र पर अतिरिक्त परीक्षा अधिकारी भी तैनात किए गए हैं।
देश-विदेश में परीक्षा का आयोजन
यह परीक्षा भारत के 551 शहरों में स्थित 5,440 केंद्रों और विदेशों में 14 केंद्रों पर आयोजित की जा रही है। प्रश्न पत्र अंग्रेजी समेत 12 भारतीय भाषाओं में उपलब्ध कराया गया है।
पुलिस और प्रशासन अलर्ट
परीक्षा के सुचारू संचालन के लिए विभिन्न राज्यों में पुलिस बल तैनात किया गया है। कई शहरों में ड्रोन और क्विक रिस्पॉन्स टीम भी निगरानी में लगी हुई हैं, ताकि किसी भी तरह की गड़बड़ी को रोका जा सके।
NTA का संदेश
NTA ने अभ्यर्थियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा है कि वे शांत रहें, आत्मविश्वास बनाए रखें और अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करें।
गौरतलब है कि 3 मई को आयोजित परीक्षा रद्द होने के बाद यह पुनर्परीक्षा कराई जा रही है, जिसे लेकर छात्रों और अभिभावकों में खासा उत्साह और तनाव दोनों देखा जा रहा है।



